Maharashtra weather: पुणे में असामान्य ओलावृष्टि और आँधी, महाराष्ट्र के कई हिस्सों में प्री-मानसून बारिश की संभावना
मुख्य मौसम बिंदु
- पुणे और आसपास के जिलों में भारी बारिश और ओलावृष्टि हुई।
- तापमान 38°C तक पहुंचा और गर्मी से राहत मिली।
- 1 अप्रैल से प्री-मानसून गरज-चमक पूरे राज्य में सक्रिय होगी।
- मराठवाड़ा और विदर्भ में तेज हवाओं के साथ ओले गिरने की संभावना।
कल महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में तेज गरज-चमक के साथ ओलावृष्टि हुई। पुणे शहर में भारी ओले और तेज बारिश ने ट्रैफिक को प्रभावित किया और कुछ संपत्ति को नुकसान पहुंचाया। यह पुणे के लिए असामान्य और अनोखा मौसम था क्योंकि ऐतिहासिक रिकॉर्ड के अनुसार इस क्षेत्र में साल भर में ओले गिरने के मामले लगभग शून्य होते हैं। मार्च महीने में सामान्य बारिश केवल 3 मिमी होती है, लेकिन कुछ इलाकों में भारी बारिश दर्ज की गई। लोहेगांव हवाई अड्डे पर 36.6 मिमी और पशन में 46.8 मिमी बारिश रिकॉर्ड हुई। पिछले एक हफ्ते से गर्मी बढ़ रही थी और तापमान लगातार 36°C से ऊपर रहा। 26 और 27 मार्च 2026 को अधिकतम तापमान 38°C तक पहुंच गया। गरज-चमक की बारिश ने गर्मी से कुछ राहत दी, लेकिन इसके कारण विमान सेवाएं प्रभावित हुईं और फसलें भी नुकसान झेल गईं।
शहर और आसपास के इलाकों में मौसम सक्रिय
कई कारणों से शहर और आसपास के उपनगरों में असामान्य और अचानक मौसम सक्रिय हुआ। कोकण क्षेत्र के बाहर सभी भू-आबद्ध क्षेत्रों में बारिश और तूफानी गतिविधि देखी गई। पुणे, सतारा, जलगांव, चंद्रपुर, भंडारा और आसपास के क्षेत्रों में बहुत भारी बारिश हुई। आज महाराष्ट्र भर में गरज-चमक की गतिविधि में काफी कमी आने की संभावना है, लेकिन यह राहत अस्थायी और क्षणिक होगी। वहीं, कल से फिर से नए दौर की गरज-चमक शुरू होने की संभावना है।
प्री-मानसून गतिविधि और आगामी दौर
कोकण और मध्य महाराष्ट्र क्षेत्र में 1 अप्रैल को प्री-मानसून गरज-चमक शुरू होगी और 2 और 3 अप्रैल को यह अन्य हिस्सों में फैल जाएगी। तटीय क्षेत्रों में 4 अप्रैल के बाद मौसम सामान्य होने लगेगा, लेकिन राज्य के बाकी हिस्सों में गरज-चमक जारी रहेगी। 7 अप्रैल 2026 तक महाराष्ट्र में व्यापक और तेज मौसम गतिविधि देखने को मिलेगी। इस दौरान मराठवाड़ा और विदर्भ के कुछ हिस्सों में तेज हवाओं के साथ ओलावृष्टि भी हो सकती है।
यह भी पढ़ें: दिल्ली- एनसीआर में गर्मी के बाद मार्च के अंत में बारिश, अप्रैल में भी नहीं थमेगा बरसात का सिलसिला
यह भी पढ़ें: पूर्वोत्तर में तेज होगी प्री-मानसून हलचल, अगले 3 दिन बारिश-आँधी के आसार, जानें कहां बरसेंगे बादल






