उत्तर मैदानी इलाकों में फरवरी की आखिरी बारिश, अब बढ़ेगी गर्मी और चलेंगी तेज हवाएँ

By: AVM GP Sharma | Edited By: Mohini Sharma
Feb 18, 2026, 7:00 PM
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मुख्य मौसम बिंदु

  • पश्चिमी विक्षोभ से भारी बारिश
  • कई जिलों में गरज-चमक और बौछारें
  • कुछ इलाकों में ओलावृष्टि का खतरा
  • कल से मौसम साफ होने की उम्मीद

उत्तरी पहाड़ों पर सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और मैदानी इलाकों में बने चक्रवाती परिसंचरण के संयुक्त असर से पिछले 24 घंटों में क्षेत्र के बड़े हिस्से में अच्छी और व्यापक बारिश व गरज-चमक के साथ बौछारें दर्ज की गईं। यह मौसम गतिविधि आज भी जारी रही। अनुमान है कि यह दौर कल से थम जाएगा और महीने के बाकी दिनों में मौसम शांत रह सकता है। यह सिस्टम फरवरी के दौरान उत्तर भारत के लिए बड़ा बारिश वाला दौर साबित हुआ है।

कई राज्यों में बारिश, ओलावृष्टि का खतरा

राजस्थान के बड़े हिस्सों, हरियाणा के कई जिलों और पंजाब के कुछ इलाकों में कल और आज बारिश तथा गरज-चमक देखी गई। बीते 48 घंटों में गंगानगर, पिलानी, चूरू, बीकानेर, जयपुर, अलवर, अजमेर, कोटा, अंबाला, करनाल, हिसार, कैथल, जींद, रोहतक, रेवाड़ी, लुधियाना और पटियाला में अच्छी बारिश और थंडरशॉवर दर्ज हुए। यह फरवरी का पहला और संभवतः आखिरी बड़ा वेट स्पेल माना जा रहा है, जिसने उत्तर भारत के विशाल क्षेत्र को कवर किया। कुछ जगहों पर बादलों की ऊंचाई 25,000 फीट से अधिक पहुंची, जिससे ओलावृष्टि का खतरा भी बना। चूरू, किशनगढ़, रोहतक, झज्जर और आसपास के क्षेत्र ओलावृष्टि के प्रति संवेदनशील रहे, हालांकि जमीनी रिपोर्ट अभी प्रतीक्षित हैं।

दिल्ली समेत कई राज्यों में आज आखिरी दौर, फिर बढ़ेगा तापमान

पश्चिमी विक्षोभ पहाड़ी क्षेत्रों से मैदानी सिस्टम की तुलना में थोड़ा पहले निकल जाएगा। आज दिल्ली, दक्षिण-पश्चिम उत्तर प्रदेश, दक्षिण हरियाणा, उत्तर-पूर्व राजस्थान और उत्तर-पश्चिम मध्य प्रदेश में बारिश का दौर जारी रहेगा और देर रात से मौसम साफ होने लगेगा। सिस्टम के गुजरने के बाद दिन का तापमान दो-तीन दिन कम रह सकता है, लेकिन बाद में बढ़ेगा। रात के तापमान में तेज गिरावट की संभावना नहीं है। उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में सर्दी अब लगभग खत्म मानी जा रही है और न्यूनतम तापमान दो अंकों में बना रहेगा। सतही और निचले स्तर की हवाएं तेज होंगी, जो प्री-मानसून बदलाव का संकेत है। 22–23 फरवरी के बीच अगला छोटा मौसम सिस्टम ओडिशा, छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश, विदर्भ और उत्तर मध्य महाराष्ट्र को प्रभावित कर सकता है।

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AVM GP Sharma
President of Meteorology & Climate Change
AVM Sharma, President of Meteorology & Climate Change at Skymet Weather Services, is a retired Indian Air Force officer who previously led the Meteorological Branch at Air Headquarters in New Delhi. With over a decade of experience at Skymet, he brings a wealth of knowledge and expertise to the organization.
FAQ

आज तक सक्रिय रहेगा, देर रात से कमी आएगी।

राजस्थान, हरियाणा और पंजाब के कई हिस्सों में ज्यादा असर होगा।

दिन का तापमान थोड़े दिन कम रहेगा, फिर बढ़ेगा।

डिस्क्लेमर: यह जानकारी स्काइमेट की पूर्वानुमान टीम द्वारा किए गए मौसम और जलवायु विश्लेषण पर आधारित है। हम वैज्ञानिक रूप से सही जानकारी देने का प्रयास करते हैं, लेकिन बदलती वायुमंडलीय स्थितियों के कारण मौसम में बदलाव संभव है। यह केवल सूचना के लिए है, इसे पूरी तरह निश्चित भविष्यवाणी न मानें।

Skymet भारत की सबसे बेहतर और सटीक निजी मौसम पूर्वानुमान और जलवायु इंटेलिजेंस कंपनी है, जो देशभर में विश्वसनीय मौसम डेटा, मानसून अपडेट और कृषि जोखिम प्रबंधन समाधान प्रदान करती है